Google
HomeKshetreeyaNew Delhi New Delhi

बीते माह दिल्ली का कर संग्रह दस फीसदी बढ़ा

दिल्ली सरकार के वैट की दरों में बढ़ोतरी के बाद राजधानी के राजस्व में दस फीसदी का इजाफा हुआ है। शीला सरकार ने 13 जनवरी से वैट की दर 4 से बढ़ाकर 5 प्रतिशत की थी। इसको राजस्व वसूली के व्यापार एवं कर विभाग अधिकारी काफी सुखद बता रहे हैं। दिल्ली के वित्त मंत्री डा. एके वालिया ने त्नबिजनेस भास्करत्न को बताया कि आने वाले समय में टैक्स कलेक्शन में और इजाफा होने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि वैट की दर में एक फीसदी की बढ़ोतरी को काफी सकारात्मक कहा जा सकता है।



व्यापार एवं कर विभाग के आंकड़ों के मुताबिक चालू साल के जनवरी महीने में पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले राजस्व में 10 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। जनवरी (2008-09) में 945.48 करोड़ रुपये टैक्स के रूप में आए। वहीं मौजूदा वित्त वर्ष (2009-10) की जनवरी में यह आंकड़ा बढ़कर 1052. 34 करोड़ रुपये हो गया। टैक्स वसूली में करीब 108 करोड़ रुपये की वृद्धि हुई है। वालिया ने बताया कि पिछले आंकड़ों की तुलना में जनवरी माह में हुई वृद्धि काफी सुखद है और आने वाले समय में कर वसूली में और वृद्धि होगी। उल्लेखनीय है कि दिल्ली सरकार ने 13 जनवरी से वैट की दरें 4 प्रतिशत से 5 प्रतिशत कर दी थी।



उसके बाद राजस्व वसूली में वृद्धि पाई गई। इससे पूर्व पहली और तीसरी तिमाही में कर वसूली में कमी से अधिकारियों को अनुमान था कि इस बार भी कमी होगी। लेकिन दस फीसदी की बढ़ोतरी होने से अनुमान है कि इसका प्रतिशत और बढ़ेगा। दिल्ली सरकार ने इस महीने से डीटीएच कनेक्शन पर टैक्स लगाने का भी फैसला किया है।
सूत्रों का कहना है कि एक्साइज विभाग ने डीटीएच की 6 कंपनियों के आला अधिकारियों को बता दिया है इस महीने से प्रति कनेक्शन 20 रुपये की दर से टैक्स जमा होंगे। टैक्स हर महीने की 7 तारीख तक जमा करा दिया जाए। इसके लगने के बाद कर वसूली में और वृद्धि होगी। वालिया ने कहा कि कर चोरी रोकने और वसूली की व्यवस्था को और प्रभावी करने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए जा चुके हैं और अनुमान है कि आने वाले समय में इसमें और बढ़ोतरी होगी।



बात पते की
जनवरी में कर संग्रह में हुई ख्क्त्न की बढ़ोतरी को दिल्ली सरकार सकारात्मक दृष्टि से देख रही है। सरकार को उम्मीद है कि इस वित्त वर्ष टैक्स में और बढ़ोतरी होने की उम्मीद है।





अपने विचार यहां लिखें
नाम:
ईमेल आईडी:
भाषा चुनॆ
हिन्दी रॊमन‌ हिन्दी फॊनॆटिक English
विचार:
कोड:
 

Advt